आगरा। डॉ. भीमराव अम्बेडकर विश्वविद्यालय के समाज कार्य विभाग के विद्यार्थियों द्वारा ग्राम मिधाकुर में एक प्रभावी जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य ग्रामीणों को वृद्धावस्था पेंशन और बाल श्रम जैसी गंभीर सामाजिक समस्याओं के प्रति जागरूक करना था।

कार्यक्रम के दौरान छात्रों ने ग्रामीणों को सरकार द्वारा संचालित वृद्धावस्था पेंशन योजना की विस्तृत जानकारी दी और पात्र लोगों को इसका लाभ लेने के लिए प्रेरित किया। साथ ही, बाल श्रम उन्मूलन पर जोर देते हुए बच्चों को शिक्षा से जोड़ने का संदेश दिया गया।
इस अवसर पर विद्यार्थियों ने गांव में जागरूकता रैली भी निकाली। पोस्टर, नारों और संवाद के माध्यम से लोगों को बताया गया कि बाल श्रम एक दंडनीय अपराध है और हर बच्चे को शिक्षा का मौलिक अधिकार प्राप्त है।
कार्यक्रम में समाज कार्य विभाग के छात्र-छात्राओं—शुभम् कुमार, सार्थक गोयल, राधा रानी, अक्षय दुबे, गोविंद सिंह, प्रशांत सोलंकी, सुधा चौधरी एवं पार्थ भदौरिया—ने सक्रिय भागीदारी निभाते हुए बच्चों का उत्साहवर्धन किया।
इस पहल को ग्रामीणों ने सराहा और ऐसे कार्यक्रमों को समाज के लिए अत्यंत उपयोगी बताया।

