लखनऊ। अयोध्या स्थित श्रीराम मंदिर निर्माण के लिए भेंट की गई चार किलोग्राम वजनी चांदी की ईंट के संबंध में नया विवाद सामने आया है। शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) की ओर से चांदी की ईंट के गायब होने की आशंका जताते हुए जांच और मुकदमा दर्ज किए जाने की मांग की गई है।
शिवसेना यूबीटी के उत्तर प्रदेश प्रमुख ठाकुर अनिल सिंह ने सरोजनीनगर थाने में दिए गए प्रार्थना पत्र में कहा है कि वर्ष 2018 में पार्टी प्रमुख उद्धव ठाकरे ने राम मंदिर निर्माण के लिए एक करोड़ रुपये का चेक और चार किलोग्राम वजनी चांदी की ईंट भेंट की थी। उनका आरोप है कि कई वर्ष बीत जाने के बावजूद मंदिर ट्रस्ट की ओर से न तो चांदी की ईंट की कोई रसीद उपलब्ध कराई गई और न ही यह बताया गया कि ईंट का उपयोग किस उद्देश्य से किया गया।
अनिल सिंह ने कहा कि 24 नवंबर 2018 को हजारों शिवसैनिकों और साधु-संतों की उपस्थिति में यह चांदी की ईंट राम जन्मभूमि मंदिर निर्माण के लिए समर्पित की गई थी। इसके बावजूद आज तक उसकी स्थिति स्पष्ट नहीं की गई है। उन्होंने आशंका व्यक्त की कि कहीं यह ईंट और संबंधित धनराशि के रिकॉर्ड में कोई अनियमितता तो नहीं हुई।
शिवसेना नेता ने मांग की है कि चांदी की ईंट की वर्तमान स्थिति, उससे जुड़े अभिलेखों तथा उसके उपयोग की विस्तृत जांच कराई जाए और आवश्यक होने पर मुकदमा दर्ज किया जाए।
वहीं, सरोजनीनगर थाने के इंस्पेक्टर राजदेव राम प्रजापति ने बताया कि उनके पास इस संबंध में अभी तक कोई लिखित शिकायत प्राप्त नहीं हुई है। शिकायत मिलने पर नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
मामले को लेकर राजनीतिक और धार्मिक हलकों में चर्चा तेज हो गई है, जबकि मंदिर ट्रस्ट की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।

