18 जिलों की रामलीलाओं ने किया आवेदन, पश्चिमी और उत्तर-पश्चिमी दिल्ली से सबसे अधिक प्रविष्टियां
मीडिया प्रेस क्लब की विशेष पहल पर 30 से अधिक रामलीला आयोजक अपनी पूरी कमेटी के साथ मीडिया प्रेस क्लब के सदस्य बनकर सुरकंडा देवी के दर्शन के लिए घनोल्टी, उत्तराखंड भी जाएंगे
दिल्ली-एनसीआर में रामलीला के प्रति बढ़ती आस्था और धार्मिक-सांस्कृतिक आयोजनों को प्रोत्साहित करने की दिशा में मीडिया प्रेस क्लब की ओर से आयोजित रिफ्रेश दशहरा पुरस्कार 2026 को लेकर उत्साह बढ़ता जा रहा है। इस वर्ष दिल्ली-एनसीआर के18 जिलों की 171 रामलीलाओं ने पुरस्कार के लिए आवेदन किया है। इनमें पश्चिमी दिल्ली और उत्तर-पश्चिमी दिल्ली जिलों की रामलीलाओं की भागीदारी सबसे अधिक बताई गई है। पुरस्कार के माध्यम से रामलीला के आयोजन, धार्मिक परंपरा, भारतीय संस्कृति, सामाजिक संदेश, मंचन तथा कलाकारों के योगदान को प्रोत्साहित करने का प्रयास किया जा रहा है। पुरस्कार समिति के अनुसार धर्म, संस्कृति और फिल्म विषयों पर लेखन करने वाले वरिष्ठ पत्रकारों को निर्णायक मंडल में शामिल होकर रामलीला का अवलोकन कर अपना निर्णय देंगे। मीडिया प्रेस क्लब के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री अशोक लालवानी ने पत्रकारों को बताया रिफ्रेश दशहरा पुरस्कार 2026 चयन की प्रक्रिया को कई चरणों में पूरा किया जाएगा। पहले चरण में 11 अक्टूबर 2026 को 171 वरिष्ठ पत्रकार अपने परिवार अथवा मित्रों के साथ संबंधित 171 रामलीलाओं का अवलोकन कर और अपने स्तर पर निर्णय देंगे। इस पहले चरण के अवलोकन के आधार पर प्रत्येक जिले से 6 रामलीलाओं का चयन किया जाएगा। इसके बाद दूसरे चरण में 12 से 15 अक्टूबर तक चयनित रामलीलाओं का दो वरिष्ठ पत्रकार अपने समन्वयक के साथ पहुंचकर प्रत्यक्ष अवलोकन करेंगे। इस प्रक्रिया के आधार पर प्रत्येक जिले की बेहतर प्रदर्शन करने वाली रामलीलाओं का रिफ्रेश दशहरा पुरस्कार 2026 देने के लिए प्रथम एवं दुतिय रामलीला का चयन किया जाएगा।
मीडिया प्रेस क्लब के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री अशोक लालवानी ने आगे कहा रिफ्रेश दशहरा पुरस्कार 2026 के मुख्य जज संत त्रिलोचन दर्शन दास महाराज जी होंगे। और 15 अक्टूबर 2026 को पंडित भुवन्यु शर्मा रिफ्रेश दशहरा पुरस्कार 2026 के विशेष जज बनेंगे इनका साथ देने के लिए रिफ्रेश दशहरा पुरस्कार 2026 प्रायोजक, सहयोगी, सिंधु समाज दिल्ली और सिंधी काउंसिल ऑफ इंडिया और पत्रकार के परिवार भी इस पहल में सहभागिता करेंगे। श्री अशोक लालवानी के अनुसार चयन प्रक्रिया पूरी होने के बाद 16 अक्टूबर से 20 अक्टूबर 2026 तक उत्तम प्रदर्शन करने वाली प्रथम और द्वितीय स्थान प्राप्त रामलीला समितियों को सम्मानित किया जाएगा। पुरस्कार प्रक्रिया में रामलीला के धार्मिक एवं सांस्कृतिक स्वरूप के साथ मंचन, प्रस्तुति और सामाजिक संदेश जैसे पहलुओं को भी देखा जाएगा। पुरस्कार समारोह का एक विशेष आकर्षण 18 अक्टूबर 2026 को देखने को मिलेगा सिंधी काउंसिल ऑफ इंडिया, उत्तर भारत के सहयोग से रिफ्रेश दशहरा पुरस्कार 2026 की ब्रांड एम्बेसडर मिस इंडिया एवं फिल्म अभिनेत्री सिमरन आहूजा चयनित रामलीला समितियों को सम्मानित करेंगी। सिमरन आहूजा की मौजूदगी से पुरस्कार कार्यक्रम को विशेष पहचान मिलने की उम्मीद है। इस अवसर पर रामलीला आयोजकों, कलाकारों और सांस्कृतिक क्षेत्र से जुड़े लोगों की भी भागीदारी रहेगी। साथ ही मीडिया प्रेस क्लब की पहल पर पुरस्कार में भाग लेने वाले 30 से अधिक रामलीला आयोजक अपनी पूरी कमेटी के साथ मीडिया प्रेस क्लब के सदस्य बनकर धनोल्टी उत्तराखंड के सुरकंडा देवी दर्शन के लिए भी जाएंगे। मीडिया प्रेस क्लब के अनुसार यह पहल रामलीला समितियों को केवल पुरस्कार तक सीमित न रखते हुए उन्हें एक व्यापक सामाजिक एवं सांस्कृतिक नेटवर्क से जोड़ने की दिशा में की जा रही है।
मीडिया प्रेस क्लब के राष्ट्रीय अध्यक्ष अशोक लालवानी ने पत्रकारों को जानकारी देते हुए कहा कि रिफ्रेश दशहरा पुरस्कार का उद्देश्य रामलीला आयोजकों के उत्साह को बढ़ाना और धार्मिक एवं सांस्कृतिक परंपराओं को नई पीढ़ी तक पहुंचाने वाले संगठनों को प्रोत्साहित करना है। उन्होंने कहा कि रामलीला केवल भगवान श्रीराम की कथा का मंचन नहीं है, बल्कि यह भारतीय संस्कृति, धार्मिक आस्था, सामाजिक मूल्यों और पारिवारिक संस्कारों को पीढ़ी-दर-पीढ़ी पहुंचाने वाला महत्वपूर्ण माध्यम है। उन्होंने विश्वास जताया कि हर वर्ष की तरह इस वर्ष भी रिफ्रेश दशहरा पुरस्कार 2026 रामलीला समितियों और उनके कलाकारों का उत्साह बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। दिल्ली-एनसीआर के 18 जिलों से आई 171 रामलीलाओं की भागीदारी ने इस पुरस्कार को व्यापक स्वरूप दे दिया है। अब 11 अक्टूबर से शुरू होने वाली अवलोकन प्रक्रिया के बाद यह तय होगा कि प्रत्येक जिले से कौन-सी 6 रामलीलाएं अगले चरण में पहुंचती हैं। इसके बाद 12 से 15 अक्टूबर तक होने वाले प्रत्यक्ष अवलोकन और निर्णायक प्रक्रिया के बाद पुरस्कारों की तस्वीर स्पष्ट होगी। इस प्रकार इस वर्ष रिफ्रेश दशहरा पुरस्कार 2026 दिल्ली-एनसीआर की रामलीला परंपरा, धार्मिक आस्था और सांस्कृतिक विरासत को एक मंच पर लाने वाला महत्वपूर्ण आयोजन बनकर सामने आ रहा है।
