डीएम एम. अरुन्मोली के निर्देश पर प्रशासन की कार्रवाई, एसडीएम सदर और स्वास्थ्य विभाग की संयुक्त टीम ने संस्थान को किया सील; मामले में कई आरोपी पहले ही गिरफ्तार
एटा। उत्तर प्रदेश के एटा जनपद में कथित रूप से फर्जी तरीके से संचालित बीएस मेडिकल कॉलेज के खिलाफ जिला प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई की है। जिलाधिकारी एम. अरुन्मोली के निर्देश पर गुरुवार को मारहरा क्षेत्र स्थित संस्थान को सील कर दिया गया। कार्रवाई मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. राजेंद्र प्रसाद के निर्देशन में की गई।
कॉलेज को सील करने के लिए उप जिलाधिकारी सदर श्वेता सिंह, तहसीलदार सदर नीरज वार्ष्णेय, अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. आर.एम. तिवारी, क्षेत्राधिकारी सदर संकल्प दीप कुशवाह, प्रभारी जिला मलेरिया अधिकारी लोकमान सिंह और सचिन यादव सहित संबंधित अधिकारियों की संयुक्त टीम मौके पर पहुंची।
बीएएमएस और नर्सिंग पाठ्यक्रमों के नाम पर धोखाधड़ी का आरोप
प्रशासन के अनुसार, उक्त संस्थान पर बीएएमएस, नर्सिंग और पैरामेडिकल डिप्लोमा पाठ्यक्रमों में प्रवेश दिलाने के नाम पर अभ्यर्थियों से करोड़ों रुपये की अवैध वसूली और धोखाधड़ी करने के आरोप हैं।
इस मामले में थाना मारहरा में मुकदमा दर्ज है। पुलिस प्रकरण में कई आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है। संस्थान की कथित फर्जी गतिविधियों का मामला सर्वोच्च न्यायालय के संज्ञान में भी आ चुका है।
अवैध संस्थानों के खिलाफ कार्रवाई जारी रहेगी: जिलाधिकारी
जिलाधिकारी एम. अरुन्मोली ने स्पष्ट किया है कि जनपद में अवैध रूप से संचालित मेडिकल कॉलेजों, क्लीनिकों और अन्य संस्थानों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
उन्होंने बताया कि जनसुनवाई के दौरान प्राप्त होने वाली ऐसी शिकायतों पर संबंधित अधिकारियों की टीम भेजकर स्थलीय जांच कराई जा रही है। जांच में दोषी पाए जाने वाले संस्थानों और संबंधित लोगों के खिलाफ नियमानुसार कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
जिला प्रशासन की इस कार्रवाई को शिक्षा और चिकित्सा पाठ्यक्रमों के नाम पर कथित धोखाधड़ी करने वाले संस्थानों के खिलाफ महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
रिपोर्ट: शोएब कादरी
TIMES OF TAJ
डिस्क्लेमर: यह समाचार जिला प्रशासन द्वारा उपलब्ध कराई गई जानकारी पर आधारित है। धोखाधड़ी संबंधी आरोपों पर अंतिम निर्णय न्यायिक प्रक्रिया के अधीन है।
