फर्रुखाबाद। श्रावण मास में होने वाली कांवड़ यात्रा को सुरक्षित, सुचारु और व्यवस्थित बनाने के उद्देश्य से कानपुर जोन की एडीजी अनुपम कुलश्रेष्ठ ने शुक्रवार को डीआईजी के साथ फर्रुखाबाद के पांचाल घाट का निरीक्षण किया। उन्होंने सुरक्षा, यातायात और श्रद्धालुओं की सुविधाओं का जायजा लेते हुए अधिकारियों को रविवार से पहले सभी व्यवस्थाएं दुरुस्त करने के निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान एडीजी ने बैरिकेडिंग, गंगाजल भरने की व्यवस्था, आवागमन मार्ग, लाइटिंग, पेयजल, साफ-सफाई तथा अन्य आवश्यक सुविधाओं का निरीक्षण किया। उन्होंने कहा कि कांवड़ियों को किसी प्रकार की असुविधा नहीं होनी चाहिए और सभी इंतजाम समय रहते पूरे कर लिए जाएं।
बढ़ते गंगा जलस्तर को देखते हुए एडीजी ने सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा की। अधिकारियों ने बताया कि जलस्तर बढ़ने से घाट की कई सीढ़ियां पानी में डूब चुकी हैं, जिसके चलते अतिरिक्त सतर्कता बरती जा रही है। एडीजी ने बैरिकेडिंग को और मजबूत करने तथा संवेदनशील स्थानों पर विशेष निगरानी रखने के निर्देश दिए।
उन्होंने फ्लड यूनिट की तैयारियों की भी समीक्षा की और आपदा से निपटने के लिए उपलब्ध संसाधनों की जानकारी ली। रविवार को बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था और मजबूत करने के निर्देश दिए गए।
एडीजी ने पक्के घाटों पर महिलाओं के लिए बनाए गए चेंजिंग रूम, प्रकाश व्यवस्था, पेयजल और साफ-सफाई का भी निरीक्षण किया। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि पूरे कांवड़ मार्ग पर बिजली, पानी और अन्य मूलभूत सुविधाएं निर्बाध रूप से उपलब्ध रहनी चाहिए।
निरीक्षण के बाद एडीजी अनुपम कुलश्रेष्ठ ने कहा कि मुख्यमंत्री के निर्देशों के अनुरूप सभी घाटों पर मजबूत बैरिकेडिंग और पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित की जा रही है, ताकि डूबने जैसी किसी भी अप्रिय घटना को रोका जा सके। उन्होंने बताया कि कानपुर जोन के अंतर्गत कन्नौज और फर्रुखाबाद के घाटों का निरीक्षण किया गया है। जहां भी छोटी-मोटी कमियां मिली हैं, उन्हें रविवार से पहले हर हाल में दूर करने के निर्देश दिए गए हैं।
इस दौरान अपर पुलिस अधीक्षक गिरीश कुमार सिंह सहित पुलिस एवं प्रशासन के अन्य अधिकारी मौजूद रहे। बैठक में कांवड़ यात्रा के दौरान सुरक्षा, यातायात प्रबंधन और श्रद्धालुओं की सुविधाओं को लेकर विस्तृत समीक्षा भी की गई।

