संवाद।। सादिक जलाल
नई दिल्ली, 20 सितंबर। श्रीलंका के महान क्रिकेटर सानथ जयसूर्या ने भारतीय क्रिकेट के दिग्गज बल्लेबाज विराट कोहली और रोहित शर्मा की जमकर तारीफ की है। उन्होंने कहा कि दोनों खिलाड़ियों ने लंबे समय तक भारत के लिए शानदार प्रदर्शन किया है और आज भी उनमें क्रिकेट के प्रति वही जुनून मौजूद है। जयसूर्या ने श्रीलंका और भारत में चल रहे बदलाव, युवा खिलाड़ियों, एकदिवसीय क्रिकेट के भविष्य, वैभव सूर्यवंशी और कॉरपोरेट क्रिकेट विश्व कप को लेकर भी अपनी राय रखी।
जयसूर्या ने कहा कि विराट कोहली और रोहित शर्मा महान खिलाड़ी हैं। दोनों ने कई वर्षों तक देश के लिए खेलते हुए शानदार प्रदर्शन किया है। उन्होंने कहा कि इन दोनों खिलाड़ियों की तुलना करने के लिए शब्द नहीं हैं और उनका योगदान बेहद महत्वपूर्ण रहा है।
युवा खिलाड़ियों को देना होगा भरोसा
भारत और श्रीलंका में चल रहे बदलाव को लेकर जयसूर्या ने कहा कि किसी भी टीम के लिए बदलाव का दौर आसान नहीं होता। इसमें समय लगता है। युवा खिलाड़ियों को मौका देने के साथ-साथ उन्हें अपनी क्षमता साबित करने के लिए भरोसा भी देना जरूरी है।
श्रीलंका के युवा खिलाड़ियों के प्रदर्शन पर उन्होंने कहा कि केशरा नुवंथा और सोनल दिनूषा घरेलू क्रिकेट तथा श्रीलंका ए टीम के लिए अच्छा प्रदर्शन कर रहे हैं। जब उन्हें मौका मिला तो उन्होंने उसे भुनाया। जयसूर्या के अनुसार, युवा खिलाड़ियों के लिए अवसर मिलने पर उसका पूरा फायदा उठाना और टीम का उन पर भरोसा करना बेहद जरूरी है।
वैभव सूर्यवंशी को बताया निडर खिलाड़ी
15 वर्षीय भारतीय खिलाड़ी वैभव सूर्यवंशी के आक्रामक अंदाज पर जयसूर्या ने कहा कि वह एक शानदार खिलाड़ी है और उसने अभी शुरुआत की है। उसके सामने अभी लंबा सफर है। उन्होंने कहा कि वैभव का खेलने का अंदाज अलग है और वह निडर होकर खेलता है।
जयसूर्या ने कहा कि वैभव को आत्मविश्वास देना सबसे महत्वपूर्ण है। अगर इस युवा खिलाड़ी को पर्याप्त भरोसा दिया गया तो वह अच्छा प्रदर्शन कर सकता है।
एकदिवसीय क्रिकेट का महत्व हमेशा रहेगा
टी20 क्रिकेट की बढ़ती लोकप्रियता और एकदिवसीय क्रिकेट के भविष्य पर जयसूर्या ने कहा कि 50 ओवर का क्रिकेट प्रासंगिक बना रहेगा। उन्होंने कहा कि एकदिवसीय और टेस्ट क्रिकेट एक-दूसरे से जुड़े हुए हैं।
उन्होंने टेस्ट क्रिकेट को बेहद खास बताते हुए कहा कि खिलाड़ी के संन्यास के बाद भी लोग यह देखते हैं कि उसने कितने टेस्ट रन बनाए और कितने टेस्ट मैच खेले। इसी तरह एकदिवसीय क्रिकेट में भी खिलाड़ी के रन और खेले गए मैच महत्वपूर्ण रहते हैं। इसलिए एकदिवसीय क्रिकेट का महत्व खत्म नहीं होगा।
कॉरपोरेट क्रिकेट से नई प्रतिभाओं को मिलेगा मौका
कॉरपोरेट क्रिकेट से जुड़ने को लेकर जयसूर्या ने कहा कि शुरुआत में उन्हें इस तरह के टूर्नामेंट और विश्व कप के बारे में ज्यादा जानकारी नहीं थी, लेकिन जब उन्हें इसके बारे में बताया गया तो उन्हें यह पहल अच्छी लगी।
उन्होंने कहा कि कॉरपोरेट क्रिकेट के जरिए ऐसी प्रतिभाओं को सामने लाने का अवसर मिल सकता है, जिन्हें पारंपरिक रास्तों से आगे बढ़ने का मौका नहीं मिल पाता। उनके अनुसार, नई प्रतिभाओं को तलाशना आसान नहीं है और इसके लिए काफी मेहनत करनी पड़ती है।
अगले साल जुलाई में कॉरपोरेट विश्व कप
जयसूर्या ने बताया कि अगले साल जुलाई में कॉरपोरेट विश्व कप आयोजित करने की योजना है। उन्होंने इसे खिलाड़ियों के लिए अपनी प्रतिभा दिखाने और बड़े स्तर की प्रतियोगिता के लिए तैयार होने का अच्छा मंच बताया।
उन्होंने कहा कि उनका ध्यान नई प्रतिभाओं को तलाशने और उन्हें अवसर तथा आत्मविश्वास देने पर रहेगा। जयसूर्या ने उम्मीद जताई कि कॉरपोरेट क्रिकेट के जरिए कई प्रतिभाशाली खिलाड़ी सामने आएंगे और उन्हें देश के लिए आगे बढ़ने का अवसर मिलेगा।
