लखनऊ। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने मंगलवार को केजीएमयू, लखनऊ पहुंचकर अलीगंज कोचिंग सेंटर अग्निकांड में गंभीर रूप से घायल युवक जयंत कुमार से मुलाकात की और उसका हालचाल जाना। इस दौरान उन्होंने चिकित्सकों से उपचार व्यवस्था की जानकारी लेते हुए बेहतर इलाज सुनिश्चित करने की बात कही।
अखिलेश यादव के साथ पूर्व कैबिनेट मंत्री राजेंद्र चौधरी तथा उत्तरी विधानसभा की प्रत्याशी पूजा शुक्ला भी मौजूद रहीं।
मुलाकात के बाद अखिलेश यादव ने कहा कि यदि सुरक्षा मानकों और अग्निशमन नियमों का सही तरीके से पालन किया गया होता तो अलीगंज में इतनी बड़ी और दुखद घटना नहीं होती। उन्होंने राज्य सरकार से मृतकों के परिजनों को एक-एक करोड़ रुपये की आर्थिक सहायता देने की मांग की। साथ ही कहा कि सभी घायलों का संपूर्ण इलाज सरकार के खर्च पर कराया जाए तथा जो लोग नौकरीपेशा हैं उन्हें स्वस्थ होने तक पूरा वेतन दिया जाए।
केजीएमयू के बाहर मीडिया से बातचीत करते हुए अखिलेश यादव ने भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि सरकार अहंकार में चूर है और उसे जनता की समस्याएं न तो दिखाई देती हैं और न ही समझ में आती हैं। उन्होंने अकबर नगर विस्थापन का उल्लेख करते हुए कहा कि गरीबों के खिलाफ बुलडोजर चलाने में सरकार तत्पर रहती है, लेकिन बड़ी घटनाओं के वास्तविक दोषियों पर कार्रवाई नहीं होती।
अखिलेश यादव ने कहा कि इससे पहले भी मुख्यमंत्री ने अग्निकांड के मामले में 24 घंटे के भीतर कार्रवाई और बुलडोजर चलाने की बात कही थी, लेकिन आज तक जिम्मेदार लोगों के खिलाफ ठोस कार्रवाई दिखाई नहीं दी। उन्होंने आरोप लगाया कि गरीबों को उजाड़ने के लिए सख्ती दिखाई जाती है, जबकि हादसों के असली दोषियों को बचाने का प्रयास किया जाता है।
इस अवसर पर समाजवादी अल्पसंख्यक सभा के राष्ट्रीय महासचिव यामीन खान, प्रदेश अध्यक्ष शकील नदवी, अदनान खान, फखरूल हसन चांद, नवीन धवन बंटी सहित समाजवादी पार्टी के कई वरिष्ठ नेता उपस्थित रहे।

