आगरा। छत्रपति शिवाजी महाराज की 396वीं जयंती के अवसर पर आगरा किला में आयोजित कार्यक्रम ‘शिव जन्मोत्सव: संपूर्ण भारतवर्ष का’ में महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस शामिल हुए। कार्यक्रम का आयोजन अजिंक्य देवगिरी प्रतिष्ठान द्वारा लगातार चौथे वर्ष किया गया।
मुख्यमंत्री फडणवीस ने अपने संबोधन में कहा कि शिवनेरी किला जहां छत्रपति शिवाजी महाराज का जन्म हुआ, वह प्रेरणा स्थल है, जबकि आगरा किला स्वाभिमान का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि मुगल बादशाह औरंगजेब शिवाजी महाराज को अपने अधीन करना या समाप्त करना चाहता था, लेकिन शिवाजी निर्भीक होकर आगरा आए और दरबार में अपना स्वाभिमान प्रदर्शित किया।
फडणवीस ने घोषणा की कि हर वर्ष आगरा किला में शिवाजी महाराज की जयंती मनाई जाएगी। साथ ही उन्होंने कहा कि वर्ष 2030 में जब शिवाजी महाराज की 400वीं जयंती मनाई जाएगी, तब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को भी आगरा किला लाया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि देश में अनेक वीर योद्धा हुए हैं, लेकिन शिवाजी महाराज उनमें विरले थे। उन्होंने मुगलों के अत्याचार से मुक्ति दिलाने के लिए संगठित सेना तैयार की। गुरिल्ला युद्ध पद्धति अपनाकर उनके पांच हजार मावले लाखों की सेना पर भारी पड़ते थे।
उन्होंने आगे कहा कि शिवाजी महाराज के स्वर्गारोहण के बाद औरंगजेब को लगा कि ‘हिंदवी स्वराज्य’ समाप्त हो जाएगा, लेकिन पहले संभाजी महाराज और फिर महारानी ताराबाई ने संघर्ष जारी रखा और स्वराज्य की ज्योति को बुझने नहीं दिया।
कार्यक्रम में बड़ी संख्या में शिवभक्त और गणमान्य लोग उपस्थित रहे। पूरे किले परिसर में शिवाजी महाराज के जयघोष से वातावरण गूंज उठा।

