फर्रुखाबाद। कोरोना महामारी के दौरान आउटसोर्सिंग के माध्यम से कार्य करने वाले कर्मचारियों ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर फर्रुखाबाद स्थित सीएमओ कार्यालय पर धरना-प्रदर्शन शुरू कर दिया है। सोमवार से शुरू हुआ यह धरना मंगलवार को भी जारी रहा। कर्मचारी अपने समायोजन की मांग पर अड़े हुए हैं।
कोरोना काल में 100 से अधिक कर्मचारियों की आउटसोर्सिंग के तहत नियुक्ति की गई थी। बाद में इन कर्मचारियों को सेवा से हटा दिया गया। शासनादेश जारी होने के बाद कुछ कर्मचारियों का समायोजन कर दिया गया, लेकिन अब भी 59 कर्मचारी समायोजन की प्रतीक्षा में हैं।
धरना दे रहे कर्मचारियों का आरोप है कि मई माह में शासनादेश जारी होने के बावजूद अब तक उनका समायोजन नहीं किया गया। वे लगातार अधिकारियों के चक्कर लगा रहे हैं, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं हो रही है। धरने में शामिल कर्मचारी अंकित कुमार ने बताया कि उन्हें केवल आश्वासन ही मिल रहे हैं, जबकि समायोजन की प्रक्रिया आगे नहीं बढ़ रही है।
कर्मचारियों के इस आंदोलन को किसान यूनियन का भी समर्थन प्राप्त हुआ है। धरने पर बैठे 59 कर्मचारियों में ओटी टेक्नीशियन, वार्ड बॉय और अन्य श्रेणी के कर्मचारी शामिल हैं। कर्मचारियों ने साफ शब्दों में कहा है कि जब तक समायोजन की प्रक्रिया पूरी नहीं होती, उनका धरना जारी रहेगा।
वहीं इस संबंध में सीएमओ अवनींद्र कुमार ने बताया कि स्टाफ नर्सों का समायोजन पहले ही किया जा चुका है। वर्तमान में धरना दे रहे कर्मचारी चतुर्थ श्रेणी के हैं, जिनके अभिलेखों के सत्यापन के लिए एक टीम गठित की गई है। उन्होंने आश्वासन दिया कि एक-दो दिन के भीतर सत्यापन पूरा होते ही इन कर्मचारियों का भी समायोजन कर दिया जाएगा।

