इंदौर। मध्यप्रदेश सरकार ने सुगम संगीत के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान के लिए प्रसिद्ध पार्श्व गायक सोनू निगम को रविवार को राष्ट्रीय लता मंगेशकर सम्मान से नवाजा। यह सम्मान लता मंगेशकर की 96वीं जयंती के अवसर पर उनकी जन्मस्थली इंदौर में दिया गया। मुख्यमंत्री मोहन यादव ने यह सम्मान प्रदान किया।
समारोह में मुख्यमंत्री ने कहा कि भारत रत्न लता मंगेशकर ने अपने स्वर से भारतीय संगीत को नई ऊँचाइयों तक पहुँचाया। उनके नाम पर दिया जाने वाला यह सम्मान उन कलाकारों के योगदान को नमन है, जिन्होंने गीत-संगीत के क्षेत्र में अमिट छाप छोड़ी है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार को सोनू निगम को यह अलंकरण प्रदान कर बेहद गौरव महसूस हो रहा है।
सोनू निगम ने भावुकता से कहा, “लता जी हमारे लिए केवल प्रेरणा नहीं, बल्कि संगीत की जीती-जागती परंपरा रही हैं। इस सम्मान को पाकर मैं स्वयं को धन्य महसूस कर रहा हूँ। यह क्षण मेरे जीवन के सबसे खास पलों में से एक है।”
52 वर्षीय गायक ने याद दिलाया कि जिस लता मंगेशकर अलंकरण समारोह में प्रस्तुति देने के लिए वह 30 साल पहले इंदौर आए थे, उसी स्थान पर आज उन्हें यह सम्मान प्राप्त हुआ।
राष्ट्रीय लता मंगेशकर सम्मान, वर्ष 1984 में स्थापित, मध्यप्रदेश के संस्कृति विभाग द्वारा सुगम संगीत में कलात्मक श्रेष्ठता को प्रोत्साहित करने के लिए दिया जाने वाला वार्षिक अलंकरण है। इससे पहले इस सम्मान से नौशाद, किशोर कुमार और आशा भोंसले जैसी हस्तियों को भी नवाजा जा चुका है।
लता मंगेशकर का जन्म 28 सितंबर 1929 को इंदौर में हुआ था और उन्होंने 6 फरवरी 2022 को मुंबई में 92 वर्ष की आयु में अंतिम सांस ली।

