STF जांच में गड़बड़ी उजागर होने के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने दिए निरस्तीकरण के आदेश
लखनऊ। उत्तर प्रदेश में उच्च शिक्षा भर्ती प्रक्रिया को लेकर बड़ा और सख़्त फैसला सामने आया है। प्रदेश सरकार ने असिस्टेंट प्रोफेसर भर्ती परीक्षा को निरस्त करने के आदेश जारी कर दिए हैं। यह कार्रवाई STF की जांच में गंभीर अनियमितताओं और गड़बड़ियों के सामने आने के बाद की गई है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मामले की रिपोर्ट का संज्ञान लेते हुए परीक्षा को रद्द करने के निर्देश दिए। सरकार ने स्पष्ट किया है कि भर्ती प्रक्रिया की निष्पक्षता और पारदर्शिता से कोई समझौता नहीं किया जाएगा और दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
STF की प्रारंभिक जांच में प्रश्नपत्र लीक, सॉल्वर गिरोह और परीक्षा संचालन में संदिग्ध गतिविधियों की आशंका सामने आई, जिसके बाद सरकार ने तत्काल हस्तक्षेप किया। अब पूरे प्रकरण की विस्तृत जांच जारी है और इसमें शामिल सभी व्यक्तियों व संगठनों की भूमिका की पड़ताल की जा रही है।
सरकार ने अभ्यर्थियों को आश्वस्त किया है कि पुनः परीक्षा पारदर्शी और कड़े सुरक्षा इंतजामों के साथ कराई जाएगी, ताकि योग्य उम्मीदवारों के साथ अन्याय न हो।
यह फैसला प्रदेश में नकल और भर्ती माफिया के खिलाफ योगी सरकार की ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति को दर्शाता है।

