अरविंद केजरीवाल, मनीष सिसोदिया समेत 23 आरोपी बरी, कोर्ट बोली— “कोई साज़िश का सबूत नहीं”
नई दिल्ली। दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट ने कथित एक्साइज पॉलिसी मामले में बड़ा फैसला सुनाते हुए पूर्व मुख्यमंत्री Arvind Kejriwal, पूर्व उपमुख्यमंत्री Manish Sisodia, तेलंगाना MLC K. Kavitha सहित सभी 23 आरोपियों को बरी कर दिया है। यह मामला Central Bureau of Investigation (CBI) द्वारा जांचा गया था।
स्पेशल जज जितेंद्र सिंह ने फैसला सुनाते हुए कहा कि एक्साइज पॉलिसी बनाने में किसी भी प्रकार की आपराधिक साज़िश या गलत कार्य का “कोई ठोस सबूत” नहीं मिला। अदालत ने स्पष्ट किया कि आरोपों में दम नहीं था और किसी भी आरोपी के खिलाफ आपराधिक इरादा साबित नहीं हो सका।
CBI की जांच पर कोर्ट की सख्त टिप्पणी
अदालत ने अपने आदेश में CBI की चार्जशीट की कमियों की ओर इशारा करते हुए कहा कि गवाहों के बयानों से भी किसी साज़िश की पुष्टि नहीं होती। कोर्ट ने माना कि सिसोदिया के खिलाफ प्रथम दृष्टया कोई मामला नहीं बनता और केजरीवाल को बिना ठोस साक्ष्य के आरोपी बनाया गया।
जज ने 23 में से किसी भी आरोपी के खिलाफ चार्ज फ्रेम करने से इनकार कर दिया, जिससे सभी को राहत मिल गई। अदालत ने कहा कि अभियोजन पक्ष की थ्योरी केवल अनुमान पर आधारित थी।
AAP के लिए बड़ी राहत
यह फैसला Aam Aadmi Party (AAP) नेतृत्व के लिए बड़ी राहत माना जा रहा है, जो कथित शराब नीति घोटाले को लेकर लंबे समय से जांच का सामना कर रहा था।
फैसले के बाद मीडिया से बात करते हुए अरविंद केजरीवाल भावुक हो गए। उन्होंने कहा, “मैं करप्ट नहीं हूं। कोर्ट ने कहा है कि मनीष सिसोदिया और मैं ईमानदार हैं।”
वहीं उनकी पत्नी Sunita Kejriwal ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर लिखा, “सच की हमेशा जीत होगी।”
(Times of Taj – विशेष रिपोर्ट)

