Sardar Vallabhbhai Patel की 150वीं जयंती के उपलक्ष्य में राष्ट्रवादी संगठन Bharat Bharati द्वारा Bengaluru में एक भव्य राष्ट्रीय महिला भजन संध्या प्रतियोगिता का आयोजन किया जा रहा है। सामाजिक सद्भाव और “एक भारत श्रेष्ठ भारत” की भावना को समर्पित यह आयोजन आगामी 23 मई 2026, शनिवार को दोपहर 3 बजे से शाम 7 बजे तक आयोजित होगा।
पिछले दो दशकों से देशभर में सामाजिक एकता और सांस्कृतिक समन्वय के लिए कार्य कर रही भारत भारती संस्था इस कार्यक्रम के माध्यम से विभिन्न राज्यों की सांस्कृतिक विविधता को एक मंच पर प्रस्तुत करेगी। कार्यक्रम में देश के 20 राज्यों से आए प्रतिनिधि परिवार भाग लेंगे और प्रत्येक प्रतिभागी अपने राज्य की पारंपरिक वेशभूषा में उपस्थित होकर भारत की सांस्कृतिक विरासत का प्रदर्शन करेगा।
यह आयोजन KEB Engineers Association Silver Jubilee Building, नंबर 28, 6वीं लेन, रेसकोर्स क्रॉस रोड, आनंद राव सर्कल, बेंगलुरु – 560009 में आयोजित किया जाएगा।
मुख्य अतिथि एवं विशिष्ट अतिथि
कार्यक्रम में कई प्रतिष्ठित हस्तियां शिरकत करेंगी, जिनमें प्रमुख रूप से:
Shobha Karandlaje — केंद्रीय राज्य मंत्री, भारत सरकार
Pramoda Devi Wadiyar — राजमाता, मैसूरु महल
Dr. Shalini Nalwad — अध्यक्ष, आईसीएटीटी फाउंडेशन
Chhaya Nanjappa — संस्थापक एवं निदेशक, नेक्टर फ्रेश मैसूरु
Radha Kolli — अध्यक्ष, अंतर्राष्ट्रीय मानवाधिकार एसोसिएशन महिला विंग भारत
Dr. Saraswati Hegde — शिक्षाविद् एवं समाजसेवी
Nagalakshmi Choudhary — अध्यक्ष, महिला आयोग, कर्नाटक राज्य
भाग लेने वाली टीमें
देश की विविध भाषाओं और संस्कृतियों का प्रतिनिधित्व करती महिला भजन मंडलियां इस प्रतियोगिता में हिस्सा लेंगी, जिनमें प्रमुख हैं:
श्रीमती तीजा सीरवी — राजस्थानी
श्रीमती सौम्या मंजूनाथ — तेलुगु
डॉ. सुनीता चंद्रकुमार एवं टीम — कन्नड़ भजन
श्रीमती मिनी उन्नीकृष्णन एवं टीम — मलयालम
श्रीमती नीलम झा एवं टीम — बिहारी
श्रीमती सावित्री पी.एस. एवं टीम — कन्नड़
श्रीमती सोना एवं टीम — पंजाबी
श्रीमती मंजुला शेट्टी एवं टीम — तुलु
श्रीमती मंजुश्री एवं टीम — उड़िया
श्रीमती पूर्णिमा कुलकर्णी एवं टीम — मराठी
श्रीमती दिव्यज्योति जागृति सौस्थान टीम — हिंदी
श्रीमती शुभा शशिकांत एवं टीम — तमिल भजन
श्रीमती संगीता जानी एवं टीम — गुजराती
श्रीमती मोनोमिता एवं टीम — बंगाली
श्रीमती सौम्या हेगड़े — संस्कृत
आयोजकों के अनुसार यह कार्यक्रम केवल एक सांस्कृतिक प्रतियोगिता नहीं बल्कि राष्ट्रीय एकता, महिला सशक्तिकरण और भारतीय सांस्कृतिक समरसता का उत्सव होगा, जो सरदार पटेल के “एक भारत श्रेष्ठ भारत” के सपने को साकार करने की दिशा में एक प्रेरणादायक पहल साबित होगा।

