आगरा। ताजमहल भ्रमण के दौरान परिवार से बिछड़ी चार वर्षीय बच्ची को ताज सुरक्षा पुलिस ने महज 30 मिनट के भीतर उसके परिजनों से मिलाकर मानवीय संवेदनशीलता और तत्परता का परिचय दिया।
जानकारी के अनुसार, रुनकता (आगरा) निवासी महिला पर्यटक रिजवाना अपनी चार वर्षीय पुत्री आयशा के साथ ताजमहल घूमने आई थीं। पश्चिमी प्रवेश द्वार के पास अचानक मासूम आयशा परिवार से बिछड़ गई। रोती हुई बच्ची को पर्यटक गिरीश प्रजापति ने देखा और तुरंत पश्चिमी प्रवेश द्वार पर तैनात थाना ताज सुरक्षा की क्विक रिस्पॉन्स टीम को सूचना दी।
सूचना मिलते ही क्विक रिस्पॉन्स टीम ने वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में तत्काल कार्रवाई शुरू की। सीसीटीवी फुटेज खंगाले गए, रेडियो अनाउंसमेंट कराया गया, आरटी सेट के माध्यम से सूचना प्रसारित की गई तथा तैनात पुलिसकर्मियों को सक्रिय किया गया। लगातार प्रयासों के बाद मात्र 30 मिनट में बच्ची की मां रिजवाना को खोजकर मासूम आयशा को सकुशल उनके सुपुर्द कर दिया गया।
बेटी को सुरक्षित पाकर मां के चेहरे पर मुस्कान लौट आई। महिला पर्यटक ने ताज सुरक्षा पुलिस की त्वरित कार्रवाई और संवेदनशील व्यवहार की सराहना करते हुए पूरी टीम का आभार व्यक्त किया।
पुलिस टीम में उपनिरीक्षक पंकज सिंह पटेल, आशना बी. तथा आरक्षी उदयवीर शामिल रहे।

