सपा प्रमुख ने पेश किया ‘समाजवादी ऑडिट’, डॉक्टरों के हजारों पद खाली होने का किया दावा; महंगाई और SIR को लेकर भी सरकार पर निशाना
लखनऊ। उत्तर प्रदेश की सियासत में 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले समाजवादी पार्टी ने योगी सरकार के खिलाफ मोर्चा तेज कर दिया है। सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने शनिवार को पार्टी मुख्यालय में प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्था को लेकर ‘समाजवादी ऑडिट’ पेश किया और भाजपा सरकार पर स्वास्थ्य सेवाओं को बदहाल करने का आरोप लगाया।
अखिलेश यादव ने दावा किया कि प्रदेश में डॉक्टरों और नर्सिंग-पैरामेडिकल स्टाफ के हजारों पद खाली हैं। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि “स्वास्थ्य विभाग वेंटिलेटर पर है।” उनका आरोप है कि स्टाफ की कमी के कारण मरीजों को इलाज के लिए भटकना पड़ रहा है।
‘गरीब को अस्पताल में कार्ड नहीं, इलाज चाहिए’
सपा प्रमुख ने कहा कि गरीब व्यक्ति जब अस्पताल पहुंचे तो उससे किसी कार्ड की मांग नहीं होनी चाहिए, बल्कि उसका सीधे इलाज किया जाना चाहिए।
उन्होंने कहा कि सपा की सरकार बनने पर गरीब को इलाज के लिए कोई कार्ड नहीं दिखाना होगा। गंभीर बीमारियों, विशेषकर कैंसर के इलाज की सुविधाओं को बेहतर करने का भी उन्होंने वादा किया।
अखिलेश के मुताबिक, प्रदेश में करीब 16,189 लोगों पर सिर्फ एक सरकारी डॉक्टर उपलब्ध है। उन्होंने दावा किया कि सरकारी अस्पतालों में चिकित्सकों के 6,895 पद खाली हैं, जबकि नर्सिंग और पैरामेडिकल स्टाफ के 24 हजार से अधिक पद रिक्त हैं।
‘मुख्यमंत्री के जिले में ही स्वास्थ्य व्यवस्था का यह हाल’
अखिलेश यादव ने दावा किया कि एम्स गोरखपुर और एम्स रायबरेली में भी डॉक्टरों और चिकित्सा कर्मियों के पद खाली हैं। उन्होंने कहा कि गोरखपुर में करीब 15-16 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र कम हो गए हैं।
उन्होंने सवाल उठाया कि जब मुख्यमंत्री के जिले में स्वास्थ्य सेवाओं की ऐसी स्थिति है तो प्रदेश के दूसरे जिलों की स्थिति क्या होगी।
PDA को लेकर भी अखिलेश का हमला
अखिलेश यादव ने PDA को लेकर भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा कि पुरातनपंथी, वर्चस्ववादी और रूढ़िवादी लोगों को PDA से घबराहट है।
उन्होंने कहा कि PDA के साथ नए लोग जुड़ रहे हैं तो विरोधियों की घबराहट बढ़ रही है। उन्होंने दावा किया कि PDA को तोड़ने के लिए अलग-अलग तरीके अपनाए जा रहे हैं।
अखिलेश ने कहा कि उनके साथियों ने PDA की अलग-अलग सकारात्मक व्याख्याएं की हैं—किसी ने इसे Play, Develop, Achieve, किसी ने Protest, Demonstration, Activist और किसी ने Administration, Discipline, Action बताया है। उन्होंने कहा कि इसमें Action सकारात्मक है और PDA Progressive तथा Visionary है।
महंगाई पर भी सरकार को घेरा
सपा प्रमुख ने महंगाई का मुद्दा उठाते हुए कहा कि चीनी और पेट्रोल महंगा है, जबकि किसानों को खाद की समस्या का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि हर चीज में चोरी हो रही है और जनता पर महंगाई का बोझ डाला जा रहा है।
अखिलेश ने कहा कि सपा की सरकार बनने पर ‘दाम बांधो’ नीति के तहत जरूरी वस्तुओं की कीमतों को नियंत्रित करने का काम किया जाएगा।
SIR को लेकर लोगों को किया सतर्क
चुनाव से पहले होने वाले SIR (Special Intensive Revision) का जिक्र करते हुए अखिलेश यादव ने कहा कि चुनाव से पहले फिर SIR कराया जाएगा और वोटर लिस्ट तैयार होगी। उन्होंने लोगों से मतदाता सूची को लेकर सतर्क रहने की अपील की।
जेपीएनआईसी को लेकर योगी सरकार पर तंज
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के सपा के जनता दल बनने वाले बयान पर अखिलेश यादव ने भाजपा पर पलटवार किया। उन्होंने जेपीएनआईसी को लेकर भाजपा पर अपने पुराने आरोप दोहराए और तंज कसते हुए एक राजनीतिक पैरोडी भी सुनाई—
“मां का अपमान हुआ… तेरे मारे।
चोरी सब दान हुआ… तेरे मारे।
वनस्पति बदनाम हुई… तेरे मारे।”
खिलाड़ियों को विश्वस्तरीय सुविधाओं का वादा
खेल और खिलाड़ियों के मुद्दे पर अखिलेश यादव ने कहा कि आने वाले समय में खिलाड़ियों के साथ बैठकर उनकी समस्याओं पर चर्चा की जाएगी। उन्होंने कहा कि खिलाड़ियों को विश्वस्तरीय इंफ्रास्ट्रक्चर और बेहतर सुविधाएं देने का प्रयास किया जाएगा।
2027 के विधानसभा चुनाव से पहले अखिलेश यादव के इन बयानों से साफ है कि समाजवादी पार्टी स्वास्थ्य, महंगाई, सामाजिक न्याय, PDA और मतदाता सूची जैसे मुद्दों को लेकर भाजपा सरकार को घेरने की तैयारी में है।
