‘जुगाड़ के आंकड़े’ हुए तो चिंता की बात… बोलीं- विकास का असली पैमाना जनता की खुशहाली
लखनऊ। देश की अर्थव्यवस्था की तेज रफ्तार के सरकारी दावों के बीच बहुजन समाज पार्टी (बसपा) प्रमुख मायावती ने केंद्र सरकार पर बड़ा हमला बोला है। पहली तिमाही में 7.8 प्रतिशत GDP ग्रोथ के आंकड़े पर सवाल उठाते हुए मायावती ने कहा कि सरकार को सिर्फ विकास दर बताने के बजाय यह भी बताना चाहिए कि इसका फायदा देश के करोड़ों गरीब और मेहनतकश लोगों को कितना मिला।
मायावती ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर कहा कि यदि सरकार के दावे सही हैं तो यह निश्चित रूप से अच्छी बात है, लेकिन अगर ये “जुगाड़ के आंकड़े” हैं तो यह चिंता का विषय है। उन्होंने कहा कि महंगाई, गरीबी और बेरोजगारी से परेशान आम जनता के सामने यह सवाल बना हुआ है कि आखिर वह किस पर भरोसा करे।
GDP के आंकड़े नहीं, जनता की खुशहाली असली कसौटी
बसपा प्रमुख ने कहा कि विकास के आंकड़े आमजन के हित से सीधे जुड़े होने के कारण “दोधारी तलवार” की तरह हैं। विकास तभी सही और उपयोगी माना जाएगा, जब उसका असर आम लोगों के जीवन में दिखाई दे और जनता को वास्तविक राहत महसूस हो।
उन्होंने कहा कि देश के विकास की असली कसौटी यह होनी चाहिए कि लोगों की खुशहाली बढ़ी या नहीं, गरीबी और बेरोजगारी कम हुई या नहीं और मेहनतकश लोगों का जीवन बेहतर हुआ या नहीं।
मायावती ने कहा कि देश का विकास तभी “अच्छे दिन वाला विकास” कहलाएगा, जब करोड़ों बहुजन और मेहनतकश लोग गरीबी, बेरोजगारी और भ्रष्टाचार से मुक्त होकर आत्मसम्मान के साथ बेहतर जीवन जी सकें।
आउटसोर्स कर्मचारियों पर भी सरकार को घेरा
मायावती ने उत्तर प्रदेश सरकार के आउटसोर्स कर्मचारियों के मानदेय में बढ़ोतरी और करीब 20 लाख लोगों को सुरक्षा कवच देने के लिए प्रस्तावित यूपी आउटसोर्स सेवा निगम के फैसले पर भी सवाल उठाया।
उन्होंने कहा कि इससे बेहतर विकल्प लोगों को सीधे सरकारी नौकरी देना होता, ताकि कर्मचारियों को अधिक स्थायी सुरक्षा मिल सके और व्यवस्था को अफसरशाही की मनमानी, भ्रष्टाचार और शोषण से मुक्त किया जा सके।
मायावती का सीधा संदेश
“GDP बढ़ने का दावा अपनी जगह, लेकिन जब तक उसका लाभ गरीब की रसोई, मजदूर की जेब और बेरोजगार युवा के भविष्य में दिखाई नहीं देगा, तब तक विकास अधूरा है।”
मायावती के इस बयान ने GDP के आंकड़ों को लेकर चल रही बहस को एक बार फिर आर्थिक विकास बनाम जमीनी खुशहाली के सवाल पर ला खड़ा किया है।
