35 साल के युवा चेहरे के हाथों में सत्ता, पारंपरिक राजनीति को बड़ा झटका
काठमांडू/नेपाल। Nepal की सियासत में रामनवमी के दिन बड़ा बदलाव देखने को मिला, जब युवा नेता Balen Shah (बालेन शाह) ने प्रधानमंत्री पद की शपथ ली। राष्ट्रपति Ramchandra Paudel ने शीतल निवास में आयोजित समारोह में उन्हें पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई।
महज 35 वर्ष की उम्र में प्रधानमंत्री बने बालेन शाह अब नेपाल की राजनीति का सबसे चर्चित चेहरा बन चुके हैं। हाल ही में हुए संसदीय चुनावों में राष्ट्रीय स्वतंत्र पार्टी (RSP) ने शानदार प्रदर्शन करते हुए बहुमत हासिल किया, जिसके बाद शाह को संसदीय दल का नेता चुना गया और उनका प्रधानमंत्री बनना तय हो गया।
⚡ सिस्टम के खिलाफ नई लहर
बालेन शाह का उभार नेपाल की पारंपरिक राजनीति के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है। वे लंबे समय से सिस्टम में बदलाव, पारदर्शिता और विकास की राजनीति के पक्षधर रहे हैं, जिससे खासकर युवाओं में उनकी मजबूत पकड़ बनी।
🎯 युवाओं की उम्मीद, नई राजनीति की शुरुआत
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि शाह का नेतृत्व नेपाल में नई राजनीति की शुरुआत कर सकता है, जहां पुराने ढर्रे से हटकर विकास और जवाबदेही को प्राथमिकता दी जाएगी।
📌 Times of Taj विश्लेषण:
नेपाल में यह बदलाव केवल सत्ता परिवर्तन नहीं, बल्कि सोच और नेतृत्व के नए दौर की शुरुआत है। बालेन शाह के सामने अब सबसे बड़ी चुनौती अपनी छवि के अनुरूप नतीजे देने की होगी।

