मुहिब्बुल औलिया हज़रत सैय्यद मोहम्मद रज़ा शाह संदीलवी रह० के जश्न-ए-फातिहा के साथ पांच दिवसीय आयोजन शुरू
आगरा। ऐतिहासिक महान सूफी संत हज़रत ख्वाजा शेख सैय्यद फातिहउद्दीन बल्खी अल्मारूफ़ ताराशाह चिश्ती साबरी रह० का 427वाँ जश्न-ए-उर्स व सर्वधर्म सम्मेलन दरगाह मरकज़ साबरी कंपाउंड, आगरा क्लब में विधिवत रूप से प्रारंभ हुआ। कार्यक्रम का आयोजन शासन, प्रशासन एवं छावनी परिषद के दिशा-निर्देशों का पालन करते हुए किया गया।
इस मुबारक अवसर पर दरगाह मरकज़ साबरी के सज्जादानशीन पीरज़ादा इमरान अली शाह, पीरज़ादा क़ासिम अली शाह, नायब सज्जादानशीन बूंदू खां चिश्ती साबरी एवं अखिल भारतीय सर्वधर्म एकता संगठन के पदाधिकारियों की मौजूदगी में खास दुआ का आयोजन किया गया। औलिया-ए-कामिलीन की बारगाह में मुल्क की अमन-ओ-शांति, भाईचारे और तरक्की के लिए दुआएँ की गईं।
सज्जादानशीन ने अपने खिताब में कहा कि दरगाह मरकज़ साबरी ने हमेशा सर्वधर्म एकता का पैग़ाम पूरे देश में फैलाया है और हिंदू-मुस्लिम एकता व आपसी भाईचारे को मज़बूती दी है। उन्होंने बताया कि जश्न-ए-उर्स व सर्वधर्म सम्मेलन बुजुर्गों की परंपरागत रस्मों के अनुसार मनाया जाता है, जिसकी शुरुआत दादा मुर्शिद व परदादा पीर-ओ-मुर्शिद की फातिहा से की जाती है।
यह पांच दिवसीय जश्न 12 फरवरी से 16 फरवरी 2026 तक मनाया जाएगा। इस दौरान कुरआनख़्वानी, मिलाद शरीफ और महफ़िल-ए-नात का आयोजन किया गया, जिसमें शहर व बाहर से आए शायरों ने अपनी अकीदत दरबार-ए-मरकज़ साबरी में पेश की।
इस अवसर पर उर्स कमेटी व अखिल भारतीय सर्वधर्म साबरी एकता संगठन के पदाधिकारी एवं सदस्यगण — दीपक कुमार, पीरज़ादा अनीस साबरी, पीरज़ादा आरिफ साबरी, परमजीत सिंह, शराफत हुसैन, दिनेश बघेल, हाफिज अब्दुल रज्जाक, पुरुषोत्तम साबरी, तरुण साबरी, करुण साबरी, मदन साबरी, छोटू साबरी, नूर मोहम्मद, पीर मोहम्मद, जमील साबरी, नाज़िम साबरी, डॉ. रतन सिंह, अनिल साबरी, जय सिंह साबरी, कुलदीप, गुलशन, अरमान, संजू साबरी, रानी सिंह, माया देवी साबरी, सोनिया, नगीना सहित अन्य गणमान्य सदस्य उपस्थित रहे।

