संवाद। तौफीक फारूकी
फर्रुखाबाद। फर्रुखाबाद रेलवे स्टेशन पर रविवार सुबह उस समय हड़कंप मच गया, जब कालिंद्री एक्सप्रेस में बम होने की सूचना मिली। सूचना मिलते ही रेलवे प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट हो गईं। पुलिस, जीआरपी और आरपीएफ ने डॉग स्क्वॉड के साथ ट्रेन की गहन तलाशी ली।
🚆 स्टेशन मास्टर को दी गई बम की सूचना
घटना रविवार सुबह करीब 10:30 बजे की है। भिवानी से प्रयागराज जा रही कालिंद्री एक्सप्रेस जैसे ही फर्रुखाबाद स्टेशन पहुंची, तभी ट्रेन से उतरकर एक युवक ने ड्यूटी पर तैनात स्टेशन मास्टर ज्योतिष कुमार को ट्रेन में पटाखे बम होने की जानकारी दी। स्टेशन मास्टर ने तुरंत उच्च अधिकारियों को सूचना दी।
👮♂️ पुलिस-प्रशासन मौके पर पहुंचा
सूचना मिलते ही अपर पुलिस अधीक्षक अरुण कुमार सिंह, सीओ सिटी ऐश्वर्या उपाध्याय, जीआरपी और आरपीएफ की टीमें मौके पर पहुंचीं।
आरपीएफ इंस्पेक्टर ओपी मीणा के नेतृत्व में मेटल डिटेक्टर और सुरक्षा उपकरणों की मदद से ट्रेन की प्रत्येक बोगी की करीब दो घंटे तक सघन जांच की गई।
🐕 कासगंज से बुलाया गया रेलवे डॉग स्क्वॉड
मामले की गंभीरता को देखते हुए कासगंज से रेलवे का डॉग स्क्वॉड फर्रुखाबाद स्टेशन भेजा गया। इंस्पेक्टर रैंक के डॉग स्क्वॉड ने ट्रेन के साथ-साथ स्टेशन परिसर, यात्रियों के सामान और डस्टबिन आदि की भी जांच की।
❌ जांच में नहीं मिला कोई बम
करीब दो घंटे चली तलाशी के दौरान कोई भी संदिग्ध वस्तु या बम नहीं मिला। सुरक्षा जांच पूरी होने के बाद कालिंद्री एक्सप्रेस को प्रयागराज के लिए रवाना कर दिया गया।
👤 झूठी सूचना देने वाला युवक हिरासत में
बम की झूठी सूचना देने वाले युवक को जीआरपी पुलिस ने हिरासत में ले लिया है। उसकी पहचान सुबोध उर्फ श्यामू श्रीवास्तव, निवासी नगला विनायक गांव, थाना नवाबगंज, फर्रुखाबाद के रूप में हुई है।
🧠 मानसिक बीमारी से पीड़ित बताया गया युवक
युवक के ताऊ के बेटे जितेंद्र कुमार ने बताया कि सुबोध पिछले करीब 10 वर्षों से मानसिक बीमारी से पीड़ित है। वह दिल्ली में अपनी बहन के पास रहता था और अपने छोटे भाई को दवा देने के लिए दिल्ली से गांव आ रहा था।
🗣️ आरपीएफ का बयान
आरपीएफ इंस्पेक्टर ओपी मीणा ने बताया कि स्टेशन मास्टर की सूचना पर तत्काल उच्च अधिकारियों को अवगत कराया गया था। डॉग स्क्वॉड के साथ ट्रेन की पूरी जांच की गई, लेकिन कोई आपत्तिजनक वस्तु नहीं मिली।

