आगरा। अमेरिका के टेक्सास में भारतीय तिरंगे के कथित अपमान की घटना को लेकर राजनीतिक प्रतिक्रियाएं तेज हो गई हैं। उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी अल्पसंख्यक विभाग के प्रदेश मीडिया कॉर्डिनेटर एवं शहर कांग्रेस कमेटी आगरा अल्पसंख्यक विभाग के अध्यक्ष बशीर उल हक रॉकी ने इस घटना की कड़ी निंदा करते हुए केंद्र सरकार की विदेश नीति पर गंभीर सवाल उठाए हैं।
बशीर उल हक रॉकी ने कहा कि केंद्र सरकार विदेश दौरों और अंतरराष्ट्रीय संबंधों पर करोड़ों रुपये खर्च करने का दावा करती है, लेकिन इसके बावजूद विदेश में भारत और भारतीय प्रतीकों का सम्मान सुरक्षित नहीं दिखाई दे रहा है। उन्होंने कहा कि अमेरिका में एक व्यक्ति द्वारा खुलेआम भारतीय राष्ट्रीय ध्वज का अपमान किया गया, उसका वीडियो बनाया गया और उसे सोशल मीडिया पर प्रसारित भी किया गया, लेकिन अब तक उसके खिलाफ कोई ठोस कानूनी कार्रवाई सामने नहीं आई है।
उन्होंने कहा, “क्या हमारे देश का कोई सम्मान नहीं है? अमेरिका केवल आंखें दिखा रहा है और अब वहां के कुछ नागरिक भी खुलेआम भारत का अपमान करने का साहस कर रहे हैं। भारतीय तिरंगा हमारे राष्ट्र की आन-बान और शान का प्रतीक है। उसका अपमान पूरे देश का अपमान है।”
कांग्रेस नेता ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार की विदेश नीति पूरी तरह विफल साबित हो रही है। उन्होंने कहा कि जिस प्रकार अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के रवैये को लेकर पहले से सवाल उठते रहे हैं, उसी तरह अब अमेरिका में भारत विरोधी मानसिकता रखने वाले लोग भी खुलकर सामने आ रहे हैं।
बशीर उल हक रॉकी ने केंद्र सरकार से मांग की कि इस मामले को अमेरिकी प्रशासन के समक्ष मजबूती से उठाया जाए तथा तिरंगे का अपमान करने वाले व्यक्ति के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि भारत सरकार को देश की गरिमा और राष्ट्रीय सम्मान की रक्षा के लिए प्रभावी कदम उठाने चाहिए ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
उन्होंने कहा कि देशवासियों की भावनाएं राष्ट्रीय ध्वज से जुड़ी हुई हैं और तिरंगे के अपमान को किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जा सकता। दोषी व्यक्ति को कानून के दायरे में लाकर उचित दंड दिया जाना चाहिए।

