उत्तर प्रदेश राज्य पिछड़ा वर्ग आयोग ने 2022 की संस्तुति दोहराई, सरकार के फैसले पर टिकी अभ्यर्थियों की नजर
लखनऊ। उत्तर प्रदेश राज्य पिछड़ा वर्ग आयोग ने परिषदीय विद्यालयों की 68500 सहायक शिक्षक भर्ती-2018 में अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) के अभ्यर्थियों को पांच प्रतिशत अर्हता अंक की छूट दिए जाने संबंधी अपनी 5 जनवरी 2022 की संस्तुति को एक बार फिर बरकरार रखा है।
आयोग ने स्पष्ट किया है कि ओबीसी अभ्यर्थियों को पांच प्रतिशत अर्हता अंक की छूट प्रदान किए जाने की पूर्व संस्तुति में कोई बदलाव नहीं किया गया है। आयोग का मानना है कि भर्ती प्रक्रिया में पिछड़ा वर्ग के अभ्यर्थियों को आरक्षण के प्रावधानों का समुचित लाभ मिलना चाहिए।
आयोग के इस फैसले से 68500 सहायक शिक्षक भर्ती से जुड़े ओबीसी अभ्यर्थियों में एक बार फिर उम्मीद जगी है। अब सभी की निगाहें राज्य सरकार पर टिकी हैं कि आयोग की संस्तुति पर कब और क्या निर्णय लिया जाता है।
उल्लेखनीय है कि वर्ष 2018 की 68500 सहायक शिक्षक भर्ती में अर्हता अंकों को लेकर ओबीसी अभ्यर्थियों ने लंबे समय से पांच प्रतिशत छूट की मांग उठाई थी। इसी संबंध में आयोग ने 5 जनवरी 2022 को अपनी संस्तुति दी थी, जिसे अब पुनः यथावत बनाए रखा गया है।

